डांस इवेंट के आयोजन के नाम पर टिकट बेचकर जनता से लाखों रुपये इकट्ठा करने के बाद कार्यक्रम रद्द करने के मामले में सपना चौधरी को कोर्ट से सशर्त अंतरिम जमानत मिल गई है। एसीजेएम शान्तनु त्यागी ने सपना चौधरी को 20-20 हजार की दो जमानतें और व्यक्तिगत मुचलका दाखिल करने पर 25 मई तक रिहा करने का आदेश दिया है।
कोर्ट ने सपना चौधरी को 25 मई तक जमानत देते हुए कहा कि सपना हर तारीख पर कोर्ट में हाजिर होंगी। वह अपने जमानतदारों के और अपना मोबाइल नंबर दर्ज कराएंगी। साथ ही उनको दी गई अंतरिम जमानत का दुरुपयोग नही करेंगी। सपना चौधरी को फिर से 25 मई को कोर्ट में आत्मसमर्पण करना होगा।
इसके पहले सपना चौधरी ने कोर्ट में आत्मसमर्पण की अर्जी देकर कोर्ट से गुजारिश की थी कि उन्हें इस मामले में हिरासत में लिया जाए जिसके बाद कोर्ट ने आरोपी को हिरासत में लेकर जमानत अर्जी पर सुनवाई की।
इस मामले की रिपोर्ट थाना आशियाना की चौकी किला के उप निरीक्षक फिरोज खान ने 13 अक्तूबर 2018 को सपना चौधरी, रत्नाकर उपाध्याय, अमित पांडेय, पहल इंस्टीट्यूट के इबाद अली, नवीन शर्मा और जुनैद अहमद के खिलाफ दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में कहा गया थ कि 13 अक्टूबर को दिन में तीन बजे से रात 10 बजे तक स्मृति उपवन में अन्य आरोपियों द्वारा सपना चौधरी समेत अन्य कलाकारों के कार्यक्रम का आयोजन किया गया था।