CM पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड का Budget बनाने से पहले आज राज्य की आर्थिकी सशक्त करने वाले सुझाव और राय अलग-अलग क्षेत्रों के Experts से लिए.अपने आवास स्थित JD हॉल में उन्होंने उद्योग, डेयरी विकास, पर्यटन व्यवसाय, औद्यानिकी क्षेत्र के लोगों, शिक्षाविद्, वैज्ञानिकों, व्यापारियों, प्रगतिशील कृषकों, पशुपालकों, मत्स्य पालकों, लखपति दीदी, जनप्रतिनिधियों एवं विभिन्न क्षेत्रों से आए लोगों से खुल कर सुझाव लिए.

CM पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड का Budget बनाने से पहले आज राज्य की आर्थिकी सशक्त करने वाले सुझाव और राय अलग-अलग क्षेत्रों के Experts से लिए.अपने आवास स्थित JD हॉल में उन्होंने उद्योग, डेयरी विकास, पर्यटन व्यवसाय, औद्यानिकी क्षेत्र के लोगों, शिक्षाविद्, वैज्ञानिकों, व्यापारियों, प्रगतिशील कृषकों, पशुपालकों, मत्स्य पालकों, लखपति दीदी, जनप्रतिनिधियों एवं विभिन्न क्षेत्रों से आए लोगों से खुल कर सुझाव लिए.
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार वर्ष 2024-25 के लिए जल्द ही बजट पेश करने जा रही है। उनकी सोच जन सहभागिता से बजट बनाने की है.जनसंवाद इसके लिए बेहतर जरिया है. अर्थव्यवस्था की प्रगति का सीधा सम्बन्ध आम जनता के गुणवत्तापूर्ण जीवन से होता है।उत्तराखंड को का सकल घरेलू उत्पाद (GSDP) बढ़ाने के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। प्रदेश में भारतमाला, पर्वतमाला, डेडिकेटेड रेल फ्रंट कॉरिडोर परियोजनाओं से व्यापार और उद्यम को नई ऊंचाई प्राप्त हुई है। मानसखंड मंदिर माला, ऑल वेदर रोड, एलिवेटेड रोड, रोपवे परियाजनाएं, वंदे भारत, ऋषिकेश-कर्णप्रयाण रेल मार्ग जैसी अनेक महत्वाकांक्षी परियोजनाएं मोदी के करण प्रदेश में चल रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने प्राथमिक क्षेत्र के साथ-साथ वैकल्पिक ऊर्जा, पर्यटन, तथा उद्योग के क्षेत्र में निवेश के लिए सकारात्मक माहौल बनाया है। दिसम्बर-2023 में आयोजित उत्तराखण्ड वैश्विक निवेशक सम्मेलन-2023 में 3.56 लाख करोड़ रूपये के MoU हुए. आने वाले समय में अर्थव्यवस्था में और गति आएगी वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि सरकार जनता का बजट बनाने पर विश्वास रखती है. संपूर्ण प्रदेश से बजट पर सुझाव मांगे जा रहे हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर के मार्गदर्शन में उत्तराखंड देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनेगा।
कुलपति (दून यूनिवर्सिटी) डॉ. सुरेखा डंगवाल ने कहा कि उच्च शिक्षा के क्षेत्र में PHD स्कॉलर्स रिसर्च की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए भी राज्य बजट में प्रावधान होना चाहिए। पेट्रोलियम यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रोफेसर राम शर्मा ने कहा कि उच्च शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन करने वाले विश्वविद्यालय को प्रोत्साहित करने के लिए बजट में प्रावधान किया जाना चहिए। टिहरी जिला पंचायत अध्यक्ष सोना सजवाण ने कहा कि राज्य की भौगोलिक परिस्थितियों के अनुसार पंचायतों के लिए वित्तीय अनुदान बढ़ना चाहिए।
महानिदेशक (यू कास्ट) प्रो. दुर्गेश पंत ने कहा कि राज्य में नॉलेज कैपिटल और ह्यूमन कैपिटल पर निवेश किया जाना चाहिए। उद्योग जगत से विपिन गुप्ता ने कहा कि डिजिटल कनेक्टिविटी-थ्री व्हीलर वाहनों को इलेक्ट्रिक वाहन में परिवर्तित करने के लिए भी बजट में प्रावधान होना चाहिए।
पंकज गुप्ता ने कहा कि स्थानीय संसाधनों से स्थानीय लोगों को ही रोजगार देने के लिए अलग से नीति आनी चाहिए. बजट में प्रावधान होना चाहिए। हरिद्वार के अभ्युदय शर्मा ने कहा कि होम स्टे को और अधिक बढ़ावा देने, होमस्टे के प्रचार प्रसार के लिए भी बजट में प्रावधान करने चाहिए। लैंसडाउन से आए संदीप सिंह रावत ने कहा कि पर्यटन से जुड़े लोगों के लिए सरकार ने बजट में अलग से सहायता फंड की व्यवस्था करनी चाहिए।
सहसपुर से आई लखपति दीदी गीता मौर्य ने स्वयं सहायता समूह को मिलने वाले ऋण की रकम बढ़ाए जाने की बात कहीं। चंबा के संतोष नेगी ने मशरूम की खेती के दौरान ट्रांसपोर्ट में आने वाली रकम सब्सिडी के माध्यम से दिए जाने की बात की।
टिहरी के कृषक कुंदन सिंह पवार ने एप्पल मिशन की तर्ज पर स्टोन फ्रूट मिशन को भी बजट में शामिल कर शुरू करने पर बल दिया.कार्यक्रम में दर्जा मंत्री विश्वास डावर, अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, अपर मुख्य सचिव आनंद बर्धन, सचिव सचिव R मीनाक्षी सुंदरम, ,BVRC पुरुषोत्तम, अपर सचिव रणवीर सिंह चौहान,युगल किशोर पंत, मनमोहन मैनाली भी मौजूद रहे।