सिरसा मोड़ पर हुए हादसे में किसी ने अपना बच्चा गंवाया तो किसी के सिर से माता-पिता का साया उठ गया। गांव में चारों ओर सिर्फ रोने की ही आवाजें सुनाई दे रही हैं। ग्रामीणों के अनुसार प्रत्येक रविवार को गांव से श्रद्धालु उत्तमनगर स्थित गुरुद्वारे सहित अन्य धार्मिक स्थलों पर सत्संग आदि कार्यक्रमों के लिए जाते हैं।
इस रविवार को भी गांव के सोहन सिंह के ट्रैक्टर-ट्राली में 50 से अधिक श्रद्धालु सुबह करीब नौ बजे गांव से रवाना हुए। छुट्टी का दिन होने के कारण इन श्रद्धालुओं में कई बच्चे भी शामिल थे। सिरसा के पास नेशनल हाईवे पर श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली और कंटेनर की टक्कर में तीन बच्चों समेत छह लोगों की मौत का पता चल सका है।
सत्संग के लिए बसगर गांव के भजन सिंह और उसकी पुत्री सुमन कौर ट्रॉली में सवार थे। सड़क हादसे में दोनों की मौत हो गई। ट्रैक्टर चालक सोहन सिंह अपनी पत्नी गुरनाम कौर, पुत्र जसविंदर सिंह और पिता महेंद्र सिंह को भी अपने साथ ले जा रहा था। हादसे में सोहन की पत्नी गुरनाम कौर की जान चली गई। ट्रैक्टर-ट्रॉली में गांव की उपप्रधान रजनी कौर और उसका पुत्र आर्यन भी सवार थे। हादसे में रजनी कौर तो बाल-बाल बच गई लेकिन बेटा आर्यन काल का शिकार हो गया।