उत्तराखंड: चिंतित हैं .आज सभी बुद्धिजन , कैसे बचाएँ हम .अपना पर्यावरण जहां पूरे विश्व में पर्यावरण को बचाने के लिए तमाम तरीके की अथक प्रयास किए जा रहे हैं, वहीं आज जनमानस की गलतियों से पर्यावरण दूषित हो रहा है”. आज के नवयुवक जो कल का भविष्य है धूम्रपान नशीले पदार्थ का सेवन करके अपने शरीर के साथ-साथ आसपास के पर्यावरण को भी दूषित कर रहे हैं देहरादून रायपुर मालदेवता एक गांव है जहां पर सन् 2000 में एक झरने का निर्माण किया गया था !
जिससे स्थानीय वासियों को पानी की समस्या ना हो और पर्याप्त मात्रा में पानी मिल सके यह पानी कोई आम पानी नहीं है”. यहां पर जो पानी पहाड़ों से आ रहा है पूर्ण रूप से से शुद्ध है:”; जो पानी में मात्राएं होनी चाहिए यहां के पानी में वह सारी मात्राएं मौजूद हैं! इसकी शुद्धता का अंदाजा इससे लगाया जा सकता है. कि लोग दूर-दूर से इस पानी को लेने के लिए आते हैं .और हमेशा इसी पानी को पीते हैं. परंतु विडंबना है:’?. यहां पर गंदगी सबसे ज्यादा है.जिससे स्थानीय नवयुवक (लड़के) सिगरेट, धूम्रपान, मदिरापान (दारु) आदि करके

वातावरण को खराब कर रहे हैं. जिससे महिलाएं झरने पर पानी लेने भी नहीं जा पा रही”. रोज ऐसे विरोध महिलाओं द्वारा किए जाते हैं परंतु यहां पर एक लंबे समय से यही वातावरण बना हुआ है. जिससे स्थानीय लोगों को बहुत सारी समस्याएं देखने को मिल रही महिलाओं का कहना है यहां पर स्पोर्ट कॉलेज के बच्चे, व लड़कियां भी आती हैं जिससे अगर ऐसा ही चलता रहा तो एक दिन यहां पर बड़ी दुर्घटना भी घट सकती है”. newsvartaindia की टीम द्वारा इस जगह का सर्वे किया गया तब यहां पर बहुत सारे लोगों की समस्याओं को देखने को मिला जिसका न्यूज़ वार्ता इंडिया की टीम ने थाना रायपुर से अपील भी की और पुलिस द्वारा इन लोगों को यहां से हटाया गया परंतु यह क्षणिक है”. इसकी पूर्ण व्यवस्था करना अति आवश्यक है”. “जो कि प्रशासन की जिम्मेदारी है “”.पत्रकारों द्वारा विरोध करने पर उनके साथ धूम्रपान मदिरापान कर रहे युवकों ने अभद्रता की, हाथापाई पर भी उतर आए ऐसे समाज को आज हम क्या कहेंगे सोचनीय है!
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