नई दिल्ली: नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ देश भर में चल रहे विरोध प्रदर्शन के बीच गृह मंत्री अमित शाह (Amit shah) का बड़ा बयान सामने आया है. दिल्ली में एक कार्यक्रम के दौरान अमित शाह ने कहा कि कुछ भी हो इस कानून को देश भर में लागू किया जाएगा और मोदी सरकार सुनिश्चित करेगी कि इन शरणार्थियों को भारतीय नागरिकता हासिल हो और वे सम्मान के साथ भारतीय नागरिक बनकर जिएं. नागरिकता कानून (Citizenship Act) के विरोध से इत्तेफाक नहीं रखते हुए गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को कहा कि मोदी सरकार सुनिश्चित करेगी कि पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान के गैर मुस्लिम शरणार्थियों को भारतीय नागरिकता हासिल हो और वे देश में सम्मान के साथ जी सकें. शाह ने नए कानून का विरोध करने वाले लोगों को चुनौती देते हुए कहा कि वे जितना चाहें कानून का विरोध कर सकते हैं.
अमित शाह ने कहा कि पूरा विपक्ष देश के लोगों को गुमराह कर रहा है. मैं दोहराता हूं कि किसी भी अल्पसंख्यक समुदाय के किसी भी व्यक्ति की नागरिकता छीनने का कोई सवाल ही नहीं है. विधेयक में ऐसा कोई प्रावधान नहीं है.
कांग्रेस पर हमला बोलते हुए गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि मैं कांग्रेस पार्टी से कहना चाहता हूं कि यह नेहरू-लियाकत समझौते का हिस्सा था, लेकिन 70 साल से लागू नहीं हुआ, क्योंकि आप वोट बैंक बनाना चाहते थे. हमारी सरकार ने संधि को लागू किया है और लाखों-करोड़ों लोगों को नागरिकता दी है.
इससे पहले सोमवार को अमित शाह ने कहा कि मैं देश के विद्यार्थियों और युवाओं से अपील करता हूं कि आप नागरिकता संशोधन एक्ट का अध्ययन करिये. इसमें किसी की भी नागरिकता छीनने का कोई प्रावधान ही नहीं है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस (Congress), आम आदमी पार्टी (AAP) और TMC आपको गुमराह कर रही हैं और देश के अंदर हिंसा का वातावरण पैदा कर रही हैं. उन्होंने कहा कि यह एक्ट गरीब दुखियारों लोगों को नागरिकता देने का काम कर रहा है. उन्होंने कहा कि मैं कांग्रेस, टीएमसी और ‘आप’ को कहना चाहता हूं कि कृपया इस रास्ते से वापस आ जाइये, ये रास्ता किसी का भी भला नहीं करता.