पटना: बिहार के मुजफ्फरपुर स्टेशन पर भीषण गर्मी, भूख और डिहाईड्रेशन के चलते हुई महिला की मौत के मामले में रेलवे ने सफाई दी है. रेलवे ने इसे भ्रामक खबर बताया है और कहा कि महिला की मौत बीमारी की वजह से हुई. बता दें कि कोरोनावायरस के चलते लागू लॉकडाउन ने जिसे सबसे ज्यादा दुख दिए हैं, वो हैं प्रवासी मजदूर और उनकी दुर्दशा खत्म होने का नाम नहीं ले रही. बुधवार को सोशल मीडिया पर प्रवासी मजदूरों के दर्द का एक वीडियो वायरल होता रहा. भीषण गर्मी और भूख से बेहाल होकर बिहार के मुजफ्फरपुर रेलवे स्टेशन पर एक महिला ने दम तोड़ दिया और उसका छोटा सा बच्चा अपने मां के ऊपर ओढ़ाए गए कफ़न को हटाकर जगाने की कोशिश करता रहा.
सोशल मीडिया पर शेयर किया गया था जिसमें महिला जमीन पर पड़ी हुई है और उसे एक कपड़े से ढंका गया है लेकिन उसका बच्चा उसके ‘कफन’ से खेल रहा है और उसे हटाने की कोशिश कर रहा है, लेकिन जाहिर तौर पर मां उसकी बात नहीं सुन रही. जानकारी है कि महिला की भीषण गर्मी, भूख और डिहाइड्रेशन के चलते मौत हो गई थी. महिला श्रमिक ट्रेन के जरिए मुजफ्फरपुर पहुंची थी.
महिला के परिवारवालों ने बताया कि उसने शनिवार को गुजरात से ट्रेन ली थी और सोमवार को मुजफ्फरपुर में ट्रेन के पहुंचने के थोड़ी देर बाद ही उसकी मौत हो गई. महिला के शव को स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर लिटाया गया था. इस दौरान उसका बच्चा उसे बार-बार जगाने की कोशिश करता रहा. बाद में एक दूसरे लड़के ने उसे वहां से हटा दिया.
कई लोगों ने इस वीडियो इंडियन रेलवे के ट्विटर हैंडल को टैग कर रीट्वीट किया. इसके बाद रेलवे ने अपने बयान में कहा कि उपरोक्त महिला पहले से ही बीमार थी. देहांत हो जाने के बाद परिवार ने स्टेशन पर उतार लिया था.